VIP और VVIP का फुल फॉर्म क्या होता है

आपने कई लोगों को वीआईपी और वीवीआईपी शब्द का प्रयोग करते हुए अवश्य सुना होगा | आम बोल-चाल में भी इसका प्रयोग एक दूसरे के लिए कर दिया जाता है | वर्तमान समय में यह शब्द बहुत ही चलन में आ चुका है, इसलिए इसके अर्थ के विषय में आपको जानकारी अवश्य होनी चाहिए | यह अंग्रेजी का संक्षिप्त शब्द है, इसका प्रयोग विशेष और अति विशेष के लिए किया जाता है | यदि आपको इसके फुल फॉर्म के विषय में जानकारी नहीं है, तो इस पेज पर VIP और VVIP का फुल फॉर्म क्या होता है , वीआईपी, वीवीआईपी का क्या होता है, के बारे में जानकारी प्रदान की जा रही है |

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वीआईपी का फुल फॉर्म (VVIP Full Form)

वीआईपी का फुल फॉर्म Very Important Person होता है | हिंदी में इसे बहुत ही जरूरी मनुष्य या इंसान कहा जाता है | इस शब्द का प्रयोग किसी उत्सव या फंक्शन में मुख्य अतिथि को प्रदर्शित करने के लिए किया जाता है | वीआईपी शब्द को अधिकांश सरकारी कार्यक्रम या किसी पद पर रहने वाले व्यक्ति के लिए किया जाता है | इस प्रकार के व्यक्ति के पास कुछ विशेष अधिकार होते है, जो अन्य लोगों के पास नहीं होते है |

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वीवीआईपी का फुल फॉर्म (VIP Full Form)

वीवीआईपी का फुल फॉर्म Very Very Important Person होता है | एक वीआईपी से अधिक प्रभावशाली और अहम वीवीआईपी व्यक्ति होता है | वीआईपी महत्वपूर्ण इंसानों के लिए प्रयोग किया जाता है, जबकि वीवीआईपी बहुत अधिक महत्वपूर्ण व्यक्ति के लिए प्रयोग किया जाता है | वीआईपी को एक सामान्य व्यक्ति की तुलना में अधिक महत्वपूर्ण माना जाता है और वीवीआईपी एक ऐसा व्यक्ति होता है जिसे वीवीआईपी से भी अधिक महत्वपूर्ण माना जाता है |

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वीआईपी और वीवीआईपी क्या होता है?

वीआईपी और वीवीआईपी शब्द विशेष व्यक्तियों के लिए प्रयोग किया जाता है | सामान्यतः वीआईपी और वीवीआईपी को कई प्रकार की सुविधाएँ प्रदान की जाती है | इन लोगों की बेहतर उत्पाद या सेवाएं प्रदान की जाती है, इस प्रकार की सुविधाएँ किसी भी सामान्य व्यक्ति को नहीं दी जाती है | वीआईपी और वीवीआईपी लोगों को किसी कार्यक्रम में अलग से एंट्री डोर प्रदान किया जाता है | इस एंट्री डोर में निजी कारों या किसी अन्य व्यक्ति को प्रवेश नहीं दिया जाता है | केवल वीवीआईपी और वीआईपी लोगों को इस प्रवेश द्वार तक लाया जाता है | इसके अतिरिक्त वीआईपी और वीवीआईपी क्षेत्र का निर्माण भी किया जाता है, इस क्षेत्र में अन्य किसी व्यक्ति को नहीं जाने दिया जाता है |

सुरक्षा के विषय में भी वीवीआईपी और वीआईपी लोग सामान्य लोगों से अलग होते है | सामान्य जनता को किसी भी प्रकार की सुरक्षा प्रदान नहीं की जाती है | वहीं वीवीआईपी और वीआईपी लोगों के पास अलग से सुरक्षा बल तैनात किये जाते है | यह सुरक्षा बल वीवीआईपी और वीआईपी लोगों के साथ हमेशा रहते है | यह प्रत्येक परिस्थिति में इनको सुरक्षा प्रदान करते है |

वीवीआईपी को सामान्यतः वीआईपी से भी ज्यादा महत्वपूर्ण व्यक्ति माना जाता है | वीवीआईपी की संख्या बहुत ही कम होती है और वीआईपी की संख्या अधिक होती है | सुरक्षा के मामले में वीवीआईपी को अधिक सुरक्षा प्रदान की जाती है और वीआईपी को इसके तुलना में कम सुरक्षा प्रदान की जाती है |

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भारत में वीआईपी और वीवीआईपी (VIP & VVIP in India)

भारत में सरकारी पदों पर बैठों व्यक्तियों को अधिकतर वीवीआईपी और वीआईपी के रूप में जाना जाता है | भारत में राष्ट्रपति, उपराष्ट्रपति, प्रधानमंत्री, राज्यपाल, राज्यसभा-लोकसभा और विधानसभाओं के अध्यक्ष, सांसद, विधायक, विधान पार्षद, निगम पार्षदों को वीवीआईपी और वीआईपी की श्रेणी में रखा जाता है |

इसके अतिरिक्त प्रशासनिक क्षेत्र में कई लोगों को वीवीआईपी और वीआईपी की श्रेणी में रखा जाता है | इसमें आईएएस, आईपीएस, आईसीएस, आईआरएस अधिकारियों के पद को शामिल किया जाता है | साथ ही सुप्रीम कोर्ट और हाईकोर्ट के मुख्य न्यायाधीश, न्यायाधीश भी वीवीआईपी और वीआईपी की श्रेणी में माने जाते है |

सरकारी क्षेत्र के अतिरिक्त निजी क्षेत्र में फिल्मी कलाकार, सेलिब्रिटी अथवा फैन फोलॉइंग वाले व्यक्ति भी वीआईपी की श्रेणी में आते है |

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भारत में वीआईपी संस्कृति के कारण सामान्य लोगो को कई प्रकार की समस्याओं का सामना करना पड़ता है | इन समस्याओं को लेकर भारत सरकार के समक्ष कई बार प्रदर्शन भी किये गए है | इस पर भारत सरकार वीआईपी संस्कृति को समाप्त करने की दिशा में कार्य कर रही है | अभी तक वीआईपी या वीवीआईपी का दर्जा देने के संबंध में कोई सूची जारी नहीं की जाती है, बल्कि किस व्यक्ति पर कितना अधिक खतरा है जिससे उसकी जान- माल को हानि हो सकती है, के आधार पर यह दर्जा तय किया जाता है | हमारे देश में वीवीआईपी और वीआईपी लोगों को चार अलग-अलग प्रकार की सुरक्षा प्रदान की जाती है | इसमें जेड प्लस (Z+), जेड (Z), वाई (Y) और एक्स (X) कैटेगरी की सुरक्षा होती है |

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